हजारीबाग। नक्सल प्रभावित झारखंड के हजारीबाग जिले में सुरक्षाबलों ने शनिवार देर रात एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। इस अभियान में पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे 1 करोड़ के इनामी नक्सली सहदेव सोरेन को मार गिराया। सहदेव के साथ उसके दो अन्य सहयोगी भी एनकाउंटर में ढेर हुए। इनमें 25 लाख का इनामी रघुनाथ और 10 लाख का इनामी बीरसेन गंझू शामिल हैं। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस को इलाके में नक्सलियों की मौजूदगी की गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद सीआरपीएफ और जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। जंगल में घेराबंदी होते ही नक्सलियों ने सुरक्षाबलों पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में करीब एक घंटे चली मुठभेड़ में तीनों इनामी नक्सली मारे गए। मौके से सुरक्षाबलों ने एके-47 राइफल, इंसास और देशी हथियारों के अलावा भारी मात्रा में कारतूस व नक्सली साहित्य भी बरामद किया है।बड़ा झटका नक्सल संगठन को लगा है, पुलिस अधिकारियों के मुताबिक सहदेव सोरेन झारखंड-बिहार सीमा पर सक्रिय था और पिछले दो दशकों से नक्सली गतिविधियों का नेतृत्व कर रहा था। उस पर पुलिसकर्मियों की हत्या, लूट, रंगदारी और सुरक्षाबलों पर हमले जैसे कई मामले दर्ज थे। हजारीबाग रेंज के डीआईजी ने बताया कि, “सुरक्षाबलों को मिली यह सफलता नक्सल उन्मूलन की दिशा में बड़ा कदम है। इतने बड़े इनामी नक्सलियों के मारे जाने से संगठन की रीढ़ टूट जाएगी।”इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है एनकाउंटर के बाद सुरक्षाबलों ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान चलाया। पुलिस को आशंका है कि नक्सली दल के कुछ अन्य सदस्य मौके से भागने में सफल रहे हैं। उनकी तलाश में अभियान अभी भी जारी है।








